क्या है Human Centric AI Vision, अब AI मानव मूल्यों के साथ लैस होकर इंसान और उसके भविष्य के लिए बनेगा भरोसेमंद और जिम्मेदार.

Human Centric AI Vision
AI Summit Bharat Mandapam New Delhi 

प्रस्तावना 

नई दिल्ली मे आयोजित "इंडिया AI इंपेक्ट समिट" का थोड़े से विवादों के साथ सफलतापूर्वक समापन हो गया है।और समापन पर 86 देशों और दो अंतरराष्ट्रीय संगठनों ने एआई इंपेक्ट समिट डिक्लेरेशन(AI Impact Summit Declaration)पर हस्ताक्षर किए। इस समिट को ग्लोबल साउथ मे आयोजित पहला AI समिट कहा जा रहा है जिसका उदेश्य एथिकल,सुरक्षित और जिम्मेदार AI के लिए वैश्विक साझेदारी को बढ़ावा देना था। 

समापन घोषणापत्र के मुख्य बिन्दु -

समापन घोषणापत्र सम्मेलन के उदेशयों के अनुरूप और भारत के "मानव केंद्रित AI विज़न" को वैश्विक समर्थन प्रदान करता है। इस साझा घोषणापत्र मे निम्न बैट शामिल की गई है -

  • सर्वजन हिताय,सर्वजन सुखाय: यानि सबके कल्याण और सबकी खुशी के सिद्धांत पर 'एआई' का विकास होना चाहिए ताकि पूरे विश्व और मानव समाज को इसका लाभ मिल सके। 
  • डेमोक्रेटाइजेसन ऑफ एआई रिसोर्सेज: 'एआई' संसाधनों को सभी को समान रूप से पहुचाना ताकि इसके फायदे वैश्विक समाज के हार वर्ग तक पहुचे। 
  • 'एआई' के सुरक्षित,जवाबदेह और भरोसेमंद उपयोग: एक ऐसा 'एआई' ढांचा विकसित किया जाय जो आर्थिक विकास के साथ सामाजिक संतुलन,सुरक्षा और भरोसे को प्राथमिकता दे।
  • मानव केंद्रित 'एआई' को वैश्विक मान्यता: सभी हस्ताक्षरकर्ताओ ने पीएम मोदी के "Human Centric AI Vision" को स्वीकार किया है। 

चूंकि दुनिया के अधिकांश 'एआई' लीडींग देशों यथा यूएस,यूके,कनाडा,चीन,जर्मनी आदि ने इस घोषणा मे भाग लिया था इसलिए ये और भी महत्वपूर्ण हो जाता है।यह 'एआई' के लिए वैश्विक सहयोग और शासन के लिए एक साझा रूपरेखा का संकेत देता है।  

इससे यह भी संदेश जाता है की AI सिर्फ तकनीक नहीं बल्कि सामाजिक और आर्थिक विकास का माध्यम होना चाहिए। इस प्रकार से घोषणापत्र आर्टिफिसियल इंटेलिजेंसी को मानव केंद्रित,सुरक्षित और सभी के लिए सुलभ बनाने पर जोर देता है। 


क्या होता  है Human Centric AI जिसका है चर्चा -

Human Centric AI (मानव केंद्रित कृत्रिम बुद्धिमत्ता) का मतलब है ऐसी Artificial Intelligence जो इंसानों की जरूरतों,मूल्यों ,अधिकारों और भलाई को केंद्र मे रखकर बनाए और उपयोग किए जाए। यानि "एआई का उदेश्य इंसानों का जगह लेना नहीं बल्कि इंसानों को शशक्त बनाना है" यह विचार हाल के वर्षों मे चर्चा मे आया है और भारत इसका समर्थन और जोर दे रहा है। मानव केंद्रित मे मुख्य चीजे जो शामिल है -

अगर कोई 'एआई' सिस्टम -:
  • लोगों की गोपनीयता का सम्मान करे। 
  • निर्णय लेते समय निष्पक्ष रहे।
  • अपने निर्णयों को समझाया जा सके। 
  • समाज के हर वर्ग के लिए सुलभ हो। 
  • और नैतिक हो। 
तो उसे Human Centric Artificial Intelligence कहा जा सकता है।यानि कोई ऐसा AI जिसमे मानवीय संवेदना जैसी चीज विकसित हो न की हैवान जैसा बिना सोचने और संवेदना वाला मशीन। 


Human Centric AI की मुख्य विशेषताएं 


क्र. सं. 

मुख्य सिद्धांत (Principles)

विवरण (Explanations) 

मानव मूल्यों को प्राथमिकता 

AI का विकास लाभ से पहले लोगों के भलाई  के लिए हो 

पारदर्शिता 

AI का निर्णय कैसे लिया गया यह समझ मे आना चाहिए 

जवाबदेही 

अगर AI से गलती हो जाती है तो उसकी जवाबदेही तय हो 

निष्पक्षता 

जाती,लिंग,भाषा या क्षेत्र के आधार पर भेदभाव न हो 

गोपनीयता और सुरक्षा 

यूजर का डेटा सुरक्षित रहे 



कुल 2.5 लाख करोड़ डालर से ज्यादा के निवेश प्रस्ताव मिले -

केन्द्रीय आईटी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने समिट को ग्रैन्ड सक्सेस बताते हुए कहा की एआई इन्फ्रस्ट्रक्चर मे 250 बिलियन डालर से ज्यादा के निवेश की प्रतिबद्धताए मिली है। पाँच लाख से अधिक लोगों की भागीदारी ने यह दिखा दिया की देश और दुनिया दोनों भारत की एआई पहल मे गंभीर रुचि रखते है। 

इस समिट मे दुनिया के बड़े टेक दिग्गज पहुचे जिनमे सुंदर पिचाई,साम आल्टमन,ब्राड स्मिथ,और दरियों अमोदेई जैसे वैश्विक लीडर प्रमुख थे। भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कई वैश्विक मंचों पर Ai for All और Human Centric AI की बात कर चुके है। भारत का उदेश्य है की -

  • Ai का उपयोग स्वास्थ्य,कृषि,शिक्षा और डिजिटल सेवाओ मे किया जाय और इसका लाभ केवल बड़ी कंपनियों तक सीमित न रखा जाय। इसके माध्यम से Inclusive Growth यानि सबका विकास किया जा सके। 
  • वर्तमान मे AI बहुत शक्तिशाली हो चुका है और इसका इस्तेमाल बिना नियम और नैतिकता के करने से नौकरियों पर प्रतिकूल असर,डेटा का दुरुपयोग और गलत या पक्षपाती निर्णय हो सकते है। 
  • इसलिए भविष्य मे AI का विकास अधिक नैतिक,अधिक सुरक्षित,अधिक पारदर्शी और अधिक सामाजिक रूप से जिम्मेदार वाला होना चाहिए। 
  • हाल ही मे भारत सरकार ने Rs 10,372 करोड़ रुपये के "इंडिएआई मिशन" को मंजूरी दी है। साथ ही इलेक्ट्रॉनिक और आईटी मंत्रालय ने एक समर्पित राष्ट्रीय एआई पोर्टल को लांच किया है जो इससे जुड़ी खबरों का जानकारी प्रदान करता है।
  • Bhashini(भाषिणी) एक महत्वपूर्ण भारतीय मिशन है जो भारतीय भाषाओ के लिए एआई टूल्स विकसित कर रहा है।इससे इंटरनेट का लाभ उन लोगों को भी मिल सकेगा जो अंग्रेजी नहीं जानते है।
  • Krtrim और hanooman ये भारत के अपने "लार्ज लैंगग्वेज माडल"(LLMs) है जो हिन्दी,मराठी और तमिल जैसे कई भारतीय भाषाओ पर काम कर सकते है। 


निष्कर्ष 

इन सभी प्रगति के बावजूद भारत मे एआई के सामने कई चुनौतिया भी है। जिनमे डेटा गोपनीयता,कौशल की कमी और बिनियादी ढांचा का अभाव प्रमुख रूप से है। फिर भी वर्तमान समय मे भारत एआई के क्षेत्र मे केवल एक उपभोक्ता नहीं बल्कि निर्माता के रूप मे अग्रसर हो रहा है। डिजिटल इंडिया अभियान ने जो नीव रखी थी उसपर अब एआई की मजबूत इमारत खड़ी की जा रही है। 


बस सरकार के साथ देश के नागरिकों को भी जागरूक होने की जरूरत है। यदि आपके मन मे भी एआई को लेकर कोई सवाल उठ रहे है तो बिना संकोच किए अपनी बात रख सकते है। और यदि कुछ सुझाव हो तो साझा कर सकते है ताकि उसके द्वारा हम सभी लाभान्वित हो सके। 


अक्सर पूछे जाने वाले सवाल 

प्रश्न 1. मानव केंद्रित AI क्या है?

उत्तर: यह AI के विकास का एक ऐसा नजरिया है जो मशीनों को 'इंसान की जगह' लेने के बजाय 'इंसानों की क्षमता बढ़ाने' और उनकी सहायता करने के लिए डिजाईन करता है। 


प्रश्न 2. मानव केंद्रित AI विज़न की आवश्यकता क्यों है?

उत्तर: ताकि AI का इस्तेमाल नैतिक हो,उसमे पूर्वाग्रह न हो,डेटा सुरक्षित रहे और तकनीक समाज के सभी वर्गों के लिए समावेशी हो। 


प्रश्न 3. पीएम मोदी के Manav Vision के तहत AI के पांच स्तम्भ क्या है?

उत्तर: 1. नैतिक मार्गदर्शन 2. जबाबदेह शासन 3. डिजिटल संप्रभुता 4. सर्व सुलभ AI और पचवां 5. मूल्य आधारित AI


प्रश्न 4. भारत के लिए मानव केंद्रित AI के क्या मायने है?

उत्तर:भारत के लिए AI का अर्थ है "रिस्पॉन्सिवल + इन्क्लूसिव ग्रोथ"वर्ष 2030 तक AI को हर भारतीय के लिए सुलभ बनाने,और 15 ट्रिलियन डॉलर की क्षमता का उपयोग करने का लक्ष्य है। 


प्रश्न 5. क्या मानव केंद्रित AI नौकरियों को खत्म कर देगा?

उत्तर: नहीं मानव केंद्रित AI "जॉब लेने वाला नहीं" बल्कि जॉब पैदा करने वाला बनता है। यह लोगों को नई तकनीक सीखने पर जोर देता है। 


प्रश्न 6. क्या AI का विकास और मानव का विकास साथ-साथ चल सकते है?

उत्तर:हां मानव केंद्रित AI का उदेश्य यही है कि तकनीक इंसान के लिए खतरा न बनकर विकास के अगले चरण के रूप मे काम करे। 

टिप्पणियाँ

इस ब्लॉग से लोकप्रिय पोस्ट

AI खेती 2035: आने वाले 10 सालों में कैसे बदलेगी भारतीय कृषि ?

क्या आप भी बनना चाहते है "फॉरेंसिक साइंस मे एक्सपर्ट " कैसे जानिए पूरी प्रोसेस

भारत का LiFE पहल:कैसे वैदिक जीवनशैली से पर्यावरण सुरक्षा को प्रेरित करती है

स्वस्थ्य रहने के लिए भोजन के 10 नियम:सही तरीके से क्या,कब और कैसे खाए ?

Zero Budget Natural Farming : क्या सच में 1 गाय से 30 एकड़ खेती संभव है ? जानिए पूरा सच

भारत मे अब E20 Petrol,BS6 और Flax Engine Tractor ये तीन बड़ी टेक्नोलॉजी 2026 मे खेती को कैसे बदल देगी?

स्वदेशी और स्वावलम्बन:घर पर दंत-मंजन बनाने का लघु व्यवसाय कैसे शुरू करे?

Redox Flow Battery क्या है और यह एनर्जी स्टोरेज की दुनिया को कैसे बदलेगी?

क्या PM कुसुम योजना मार्च 2026 के बाद बंद हो रही है ? जानिए पूरी सच्चाई (Fact Check)

PFAS क्या है ? "फॉरेवर केमिकल्स"(Forever Chemicals) के दुष्प्रभावों से बचने हेतु समय रहते करना होगा प्रयास